अस्थमा मरीजों को जल्दी शिकार बनाता है कोरोना, ऐसे करें अपना बचाव
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कोरोना क्विक अपडेट

  • स्वास्थ्य मंत्रालय के 14 मार्च 2021 के आंकड़ों के मुताबिक, भारत में अभी कोरोना के 210544 एक्टिव केस हैं, 10989897 लोग ठीक हो चुके हैं और 158607 की मृत्यु हो चुकी है।
  • वेबसाइट वर्ल्डमीटर्स.इनफो के मुताबिक, भारत कोरोना से मृत्यु के मामले में अमेरिका, ब्राजील और मेक्सिको के बाद चौथे स्थान पर है।
  • विश्व स्वास्थ्य संगठन के आंकड़ों के मुताबिक, कोरोना से पूरी दुनिया के 223 देशों और इलाकों में अब तक 118,754,336 लोग संक्रमित हुए हैं और 26,34,370 लोग दम तोड़ चुके हैं।
  • कोरोना के बारे में अफवाहों से बचने और पल-पल की सही जानकारी व ख़बरें प्राप्त करने के लिए जुड़े रहें https://tanman.org/ के साथ।

How to protect asthma patients from Corona Virus?

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और सेंटर फाॅर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंटेशन (CDC) के मुताबिक कोरोना वायरस (Coronavirus) का जितना अधिक खतरा बुजुर्गों को है, उतना ही अधिक खतरा अस्थमा यानी कि दमा के मरीजों को भी है। इनके COVID-19 की चपेट में आने की वजह से नाक बहना शुरू हो सकता है। गले में खरास हो सकती है। फेफड़े में सूजन हो सकती है। इसके कारण अस्थमा का अटैक आ सकता है। संभव है कि इसकी वजह से गंभीर न्यूमोनिया हो जाए और सांस से संबंधित गंभीर समस्या हो जाए।

क्या है इलाज? (Treatment)

बड़े ही अफसोस की बात है कि अब तक COVID-19 का इलाज दुनिया में किसी के पास नहीं है। ऐसे में बचाव ही इलाज है। हरसंभव कोशिश करनी पड़ेगी खुद को इस खतरनाक वायरस के संक्रमण से बचाने की।

अस्थमा के मरीज कोविड-19 के खिलाफ कैसे करें तैयारी? (Prepare for COVID-19)

  • अपने लिए जरूरी चीजों को अपने पास रखें।
  • दूसरों के साथ जरूरी दूरी यानी कि कम-से-कम 6 फीट की दूरी बनाकर रखें।
  • बाहर जाते वक्त बीमार दिख रहे लोगों से खास तौर पर दूरी बनाकर रखें।
  • साबुन से अपने हाथों को लगातार धोते रहें। या फिर अल्कोहल वाले सैनिटाइजर से हाथों को रगड़कर कीटाणुओं से मुक्त करते रहें।
  • भीड़ से दूर ही रहें तो बेहतर होगा।
  • न तो जहाज वाली यात्रा करें और न ही हवाई जहाज की यात्रा।
  • आपके समुदाय के बीच यानी कि आसपास यदि कोरोना वायरस का संक्रमण फैल गया हो तो घर पर ही रहें और बाहर भूलकर भी न निकलें।
  • यदि आपके घर में कोई बीमार है तो उन्हें आप घर के बाकी सदस्यों से और घर के अधिकतर सामान से दूर रहने की हिदायत दें, ताकि यह संक्रमण इसकी वजह से आप तक या घर के अन्य लोगों तक न पहुंचे।
  • अपने कप और तौलिये जैसी व्यक्तिगत इस्तेमाल की चीजों को बाकी लोगों को इस्तेमाल न करने दें और न ही किसी और की चीजों को प्रयोग में लाएं।

अपने अस्थमा एक्शन प्लान का करें पालन (Follow your Asthma Action Plan)

  • अपने अस्थमा पर नियंत्रण रखें।
  • अपनी दवाई समय से नियमित रूप से लेते रहें।
  • यदि इनहेलर का प्रयोग करते हैं तो इन्हें समय से लेते रहें।
  • अपने डाॅक्टर से बात किये बिना अस्थमा के इलाज के लिए चल रही किसी भी दवाई को न तो रोकें और न ही बदलें।
  • अपने इलाज को लेकर किसी भी तरह की कोई परेशानी या फिर कोई आशंका हो तो तुरंत अपने डाॅक्टर से संपर्क करें।
  • अपने डाॅक्टर या फिर दवाई सप्लाई करने वाले से इमरजेंसी में जरूरी चीजों जैसे कि इनहेलर की सप्लाई के बारे में बात कर लें।
  • यदि आपको घर पर रहना पड़ रहा है तो यह सुनिश्चित कर लें कि कम-से-कम 30 दिनों के लिए आपके पास दवाईयां और इनहेलर आदि मौजूद हैं।
  • अच्छी तरह से समझ लें कि इनहेलर का इस्तेमाल आपको किस तरह से करना है।
  • उन सभी चीजों से दूर रहें, जिनकी वजह से आपको अस्थमा का अटैक आने का अंदेशा रहता हो।
  • वर्तमान में जब कोरोना संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ते ही जा रहे हैं और COVID-19 अपने पांस पसारता जा रहा है तो ऐसे में चिंता होना लाजमी है, लेकिन इस चिंता या फिर इस मानसिक दबाव की वजह से भी अस्थमा के मरीजों को अटैक आने का खतरा रहता है। ऐसे में उन्हें खुद को खुश रखने की यथासंभव कोशिश करनी चाहिए।

चीजों को साफ और कीटाणुरहित करते वक्त रखें इन बातों का ध्यान (Clean and disinfect things you or your family touch frequently)

जो लोग अस्थमा के मरीज होते हैं, उन्हें कई चीजों की वजह से अस्थमा का अटैक आ सकता है। इसलिए यदि आपके घर में अस्थमा के मरीज हैं, तो आपको घर में चीजों को साफ करते वक्त और उन्हें कीटाणुरहित (disinfect) करते वक्त विशेष सतर्क रहने की आवश्यकता होती है। इस दौरान आपको निम्नलिखित बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिएः

  • ध्यान रखें कि इस दौरान अस्थमा वाले परिवार के सदस्य आपके आसपास न हों।
  • कीटाणुरहित करने के लिए उन चीजों का प्रयोग कम-से-कम करें, जिनकी वजह से अस्थमा का अटैक आने की आशंका अधिक हो।
  • खिड़की खोल दें। दरवाजें खोल दें। पंखा चला दें, ताकि अंदर की हवा बाहर निकल जाए।
  • फोन, रिमोट, टेबल, लाइट की स्विच, हैंडल, डेस्क, कीबोर्ड, शौचालय आदि को साफ करते रहें और उन्हें कीटाणुरहित भी करते रहें।
  • किसी भी प्रोडक्ट का इस्तेमाल करते समय उस पर दिये गये निर्देशों को भी जरूर पढ़ लें।
  • किसी भी चीज पर कोई स्प्रे सीधे छिड़कने से पहले उसे किसी कपड़े में छिड़क लें। उसके बाद ही किसी चीज की इससे सफाई करें।

यदि कोरोना वायरस के संक्रमण के लक्षण नजर आएं तो (If you have symptoms)

आप यदि अस्थमा पीड़ित हैं और आपको यह महसूस हो रहा है कि आप कोरोना वायरस के संक्रमण के शिकार हो गये हैं, तो आपको तुरंत डाॅक्टर से या स्वास्थ्यकर्मियों से संपर्क करना चाहिए।

अस्वीकरण (Disclaimer):

इस वेबसाइट पर प्रकाशित स्वास्थ्य संबंधी जानकारियां केवल सूचनात्मक उद्देश्य के लिए हैं और ये पेशेवर चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार का विकल्प नहीं हैं। यदि आप किसी स्वास्थ्य समस्या से जूझ रहे हैं या ऐसी किसी समस्या का आपको संदेह है, तो अपने पारिवारिक चिकित्सक या अन्य उपयुक्त चिकित्सक से परामर्श करें। यदि आप किसी हेल्थ इमरजेंसी का सामना कर रहे हैं या इसका आपको संदेह है, तो कृपया अपने नजदीकी अस्पताल के आपातकालीन विभाग में जाएं।



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